नेपाल में आई भीषण बाढ़ और भूस्खलन के बीच स्याब्रुबेसी से राहत और उम्मीद की एक बेहद भावुक तस्वीर सामने आई है। रेस्क्यू टीम मलबे में लोगों की तलाश कर रही थी, तभी उन्हें नीचे से हल्की आवाज सुनाई दी। बचावकर्मियों ने तुरंत उस जगह खुदाई शुरू की और करीब दो घंटे की मेहनत के बाद पांच साल की मनीषा को जिंदा बाहर निकाल लिया। लगभग दो दिनों तक मलबे के नीचे फंसी रहने के बावजूद बच्ची ने जिंदगी की जंग जीत ली। मनीषा को बाहर आते देख रेस्क्यू टीम की खुशी का ठिकाना नहीं रहा और कई बचावकर्मी भावुक हो गए। मौसम खराब होने के कारण उसे तुरंत हेलिकॉप्टर से अस्पताल नहीं ले जाया जा सका, इसलिए पहले रेस्क्यू कैंप में उसकी देखभाल की गई। बाद में उसे काठमांडू के टीचिंग अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसकी हालत में सुधार बताया गया। मनीषा का अपने माता-पिता से दोबारा मिलना इस पूरी त्रासदी के बीच सबसे भावुक पलों में से एक रहा।